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भारत में फ्री GST फाइलिंग सॉफ्टवेयर: 2026 की पूरी गाइड
भारत में फ्री GST फाइलिंग सॉफ्टवेयर: 2026 की पूरी गाइड

भारत में फ्री GST फाइलिंग सॉफ्टवेयर: 2026 की पूरी गाइड

By HelloBooks Team

फ्री GST फाइलिंग सॉफ्टवेयर में असल में क्या मिलता है, क्या नहीं, और FY 2026-27 में बिना JSON फाइल एक्सपोर्ट किए GSTR-1 और GSTR-3B ₹0 में कैसे फाइल करें।

HelloBooks Team

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11 min read

Key takeaways

What this article covers, in order:

  • फ्री GST सॉफ्टवेयर आखिर होता ही क्यों है?
  • फ्री प्लान में कम से कम क्या होना चाहिए?
  • और फ्री प्लान आमतौर पर क्या छोड़ देता है?
  • आप असल में कौन-कौन से return फाइल करेंगे?
  • Monthly या quarterly: आप कितनी बार फाइल करेंगे?
  • जब software फाइल करता है तो काम कैसा दिखता है?
Chapter Guide▾

महीने की 10 तारीख है, कल GSTR-1 की due date है, और आप WhatsApp के एक फोल्डर को घूर रहे हैं जिसमें invoice की फोटो भरी पड़ी हैं। ऐसे software के लिए हर महीने subscription नहीं देना चाहते जिसे महीने में दो बार खोलेंगे। अच्छी खबर ये है कि फ्री GST फाइलिंग सॉफ्टवेयर मौजूद है, और अच्छे वाले आपकी books से सीधे GST portal पर GSTR-1 और GSTR-3B फाइल कर देते हैं। चलिए देखते हैं "फ्री" में असल में क्या मिलना चाहिए, क्या नहीं मिलेगा, और हर महीने का काम कैसे चलता है।

फ्री GST सॉफ्टवेयर आखिर होता ही क्यों है?

कुछ साल पहले छोटे बिज़नेस के पास दो ही रास्ते थे। या तो GST portal पर सब कुछ हाथ से भरो, या हर महीने CA या software वाले को पैसे दो। जब आप किराना दुकान चलाते हैं, freelance designer हैं या दो लोगों की trading firm हैं जो महीने में चालीस invoice बनाती है, तो दोनों में से कोई भी रास्ता अच्छा नहीं लगता।

Portal फ्री है, लेकिन हर B2B invoice GSTR-1 में आपको खुद type करना पड़ता है। GSTR-3B के आंकड़े Excel में मिलाने पड़ते हैं। क्या फाइल हुआ, इसका record भी खुद रखना पड़ता है। काम चल जाता है। पर धीमा है, और खरीदार के GSTIN में एक अंक गलत हुआ तो नाराज़ ग्राहक का फोन आना तय है।

Paid software typing का झंझट हटा देता है, लेकिन ऐसा बिल जोड़ देता है जो आपके turnover के हिसाब से भारी लगता है। फ्री फाइलिंग सॉफ्टवेयर इन दोनों के बीच आता है। आपके invoice और bill पहले से उसी में हैं, तो return आपकी books से बनता है और उसी screen से फाइल हो जाता है। कंपनी इसे ₹0 पर रखने के लिए दूसरी चीज़ों पर limit लगाती है, आमतौर पर transactions, users या GSTIN की गिनती पर।

फ्री प्लान में कम से कम क्या होना चाहिए?

बहुत सारे app "फ्री GST" कहते हैं जबकि उनका मतलब होता है "फ्री GST invoice"। वो billing है, filing नहीं। कहीं भी sign up करने से पहले ये चीज़ें ज़रूर देखें:

ज़रूरी चीज़आपके लिए क्यों मायने रखती है
GSTR-1 और GSTR-3B सीधे GST portal पर फाइल करता हैवरना आप अब भी JSON एक्सपोर्ट करके खुद upload कर रहे हैं
Return आपके अपने invoice और bill से बनाता हैदोबारा typing नहीं, copy की गलतियां कम
GSTR-2B reconciliationआपका input tax credit इसी पर टिका है कि GSTR-2B में क्या दिख रहा है
फाइल करने से पहले interest और late fee दिखाता हैSubmit दबाने से पहले पता रहता है कि कितना cash चाहिए
HSN/SAC code वाले GST invoiceGSTR-1 उतना ही साफ होगा जितने उसके पीछे के invoice
P&L, Balance Sheet, receivablesBank और CA ये वैसे भी मांगेंगे
न card, न expiry30 दिन का trial फ्री प्लान नहीं होता

अगर पहली लाइन ही गायब है, तो वो billing software है। फिर भी काम का है। बस filing वाला हिस्सा आपको खुद करना होगा।

और फ्री प्लान आमतौर पर क्या छोड़ देता है?

इस पर साफ बात करते हैं, क्योंकि 19 तारीख को कोई limit पता चले, ये किसी को अच्छा नहीं लगता। फ्री प्लान अक्सर annual return (GSTR-9 और GSTR-9C), e-invoicing और e-way bill, और एक से ज़्यादा GSTIN वाली हर चीज़ छोड़ देते हैं। अगर आप एक ही PAN पर उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में registered हैं, तो वो दो GSTIN हुए, और इसका मतलब आमतौर पर paid प्लान है।

Volume की limit भी आम है। और खास return पर भी limit होती है, जैसे TDS काटने वालों के लिए GSTR-7, e-commerce operator के लिए GSTR-8 और job work के लिए ITC-04।

इससे फ्री प्लान घाटे का सौदा नहीं बन जाता। अगर आप हर महीने एक GSTIN के लिए GSTR-1 और GSTR-3B फाइल करते हैं, तो आपका ज़्यादातर compliance काम यही दो return हैं। पूरा बंटवारा हमने अपनी फ्री बनाम paid GST सॉफ्टवेयर तुलना में लिखा है।

आप असल में कौन-कौन से return फाइल करेंगे?

Regular taxpayer के लिए ज़्यादातर दो ही return हैं, बार-बार।

GSTR-1 आपकी बिक्री का statement है। B2B invoice खरीदार के GSTIN के साथ एक-एक करके लिखे जाते हैं ताकि खरीदार credit ले सके। B2C बिक्री ज़्यादातर total में जाती है।

GSTR-3B वो जगह है जहां आप tax declare करते हैं, input tax credit लेते हैं और payment करते हैं। July 2025 के tax period से GSTR-3B का sales वाला हिस्सा GSTR-1 से अपने आप भरता है और lock रहता है। आप उसे edit नहीं कर सकते। अगर sales का आंकड़ा गलत है, तो उसे GSTR-1A में (उसी period में, GSTR-3B फाइल करने से पहले) या बाद के किसी GSTR-1 में ठीक करते हैं।

फिर दो statement हैं जो आप कभी फाइल नहीं करते, पर देखने हमेशा चाहिए। GSTR-2B हर महीने का fixed statement है जिसमें आपको मिलने वाला credit दिखता है, ये लगभग 14 तारीख को बनता है। GSTR-2A live view है जो लगातार बदलता रहता है, जिसमें दिखता है कि आपके supplier ने क्या report किया।

GSTR-9, यानी annual return, financial year खत्म होने के बाद वाले calendar year के अंत तक भरना होता है। FY 2026-27 के लिए ये 31 दिसंबर 2027 है, जब तक तारीख न बढ़े। पिछले कुछ सालों में ₹2 करोड़ तक के aggregate turnover वाले बिज़नेस को इससे छूट मिली है। मान लेने से पहले अपने साल का ताज़ा notification ज़रूर देख लें।

Monthly या quarterly: आप कितनी बार फाइल करेंगे?

अगर पिछले साल आपका turnover ₹5 करोड़ से ऊपर था, तो आप monthly फाइल करेंगे। GSTR-1 अगले महीने की 11 तारीख तक, GSTR-3B 20 तारीख तक।

₹5 करोड़ तक हैं तो आप QRMP, यानी quarterly scheme, चुन सकते हैं। GSTR-1 quarter के बाद 13 तारीख तक और GSTR-3B आपके राज्य के हिसाब से 22 या 24 तारीख तक। लेकिन payment फिर भी हर महीने करना है। Quarter के पहले दो महीनों में challan PMT-06 से 25 तारीख तक payment करते हैं। और अगर आपके B2B खरीदार जल्दी credit चाहते हैं, तो उनके invoice optional IFF से 13 तारीख तक upload कर सकते हैं।

एक छोटा सा उदाहरण। Jul–Sep 2026 quarter के लिए गुजरात के QRMP filer का GSTR-1, 13 अक्टूबर 2026 और GSTR-3B, 22 अक्टूबर 2026 को due है। Monthly filer का Sep 2026 का GSTR-1, 11 अक्टूबर 2026 और GSTR-3B, 20 अक्टूबर 2026 को due है। CBIC कभी-कभी तारीखें बढ़ा देता है, कई बार सिर्फ कुछ ज़िलों के लिए, तो हर deadline से पहले portal पर एक नज़र डाल लें।

जब software फाइल करता है तो काम कैसा दिखता है?

सुनीता को देखते हैं, जो लखनऊ में एक छोटी tiffin service चलाती हैं और उनके कुछ corporate client हैं। वो monthly filer हैं और उनका एक GSTIN है। नाम और आंकड़े काल्पनिक हैं, पर उनका महीना काफी आम है।

वो एक बार अपना GSTIN link करती हैं। GST portal login से connection confirm करती हैं। बीच-बीच में दोबारा confirm करने को कहा जाता है। Setup बस इतना ही।

पूरे महीने books अपडेट रखती हैं। हर corporate order पर client के GSTIN, SAC code और सही place of supply के साथ proper GST invoice बनता है। सब्ज़ी वाले wholesaler और packaging supplier के purchase bill जैसे-जैसे आते हैं, डाल दिए जाते हैं। अगर वो इन्हें दराज़ में जमा होने देतीं, तो return में कमियां रह जातीं।

9 या 10 तारीख को GSTR-1 देखती हैं। Software ने invoice पहले ही B2B, B2C, credit note, HSN summary और document summary में बांट दिए हैं। वो totals को अपने महीने के अंदाज़े से मिलाती हैं। सही लग रहा है। फाइल कर देती हैं।

14 तारीख के बाद GSTR-2B reconcile करती हैं। Packaging supplier का ₹18,000 का bill अभी GSTR-2B में नहीं है, जिसका आमतौर पर मतलब है कि supplier ने फाइल नहीं किया। वो इस महीने वो credit नहीं लेतीं। बदले में supplier को एक विनम्र message भेज देती हैं।

20 तारीख से पहले GSTR-3B फाइल करती हैं। Liability उनके GSTR-1 से आती है। Credit reconcile किए गए GSTR-2B से। बाकी रकम electronic cash ledger से भरकर फाइल कर देती हैं। अगर देर हुई होती, तो payment से पहले portal का calculate किया interest और late fee दिख जाता।

ARN संभालकर रखती हैं। हर return पर एक acknowledgement number मिलता है। Software उसे उस महीने के साथ save रखता है, तो जब loan के लिए bank filing का proof मांगता है, उन्हें emails में ढूंढना नहीं पड़ता।

क्या मैं portal पर ही फ्री में फाइल नहीं कर सकता?

कर सकते हैं, और कुछ लोगों के लिए यही सही है। अगर महीने में तीन invoice हैं, या सिर्फ nil return भरते हैं, तो portal ठीक है। Nil return तो SMS से भी जा सकता है।

GST portal, हाथ सेफ्री फाइलिंग सॉफ्टवेयर
खर्च₹0फ्री प्लान पर ₹0
B2B invoiceएक-एक करके type, या offline tool और JSON upload सेआपके invoice से अपने आप
Books और reportsशामिल नहींशामिल
GSTR-2B मिलानहाथ से, आमतौर पर Excel मेंअंदर ही
Filing का recordखुद download करके save करेंBooks के साथ save
किसके लिए ठीकगिने-चुने invoice, या nil returnRegular बिज़नेस जिन्हें proper books भी चाहिए

20 तारीख की रात को portal भी रेंगने लगता है, क्योंकि आधा भारत एक साथ फाइल कर रहा होता है। ये software खरीदने की वजह नहीं है। ये जल्दी फाइल करने की वजह है।

फ्री प्लान में लोग कहां गलती करते हैं?

सबसे आम गलती है ऐसा "फ्री GST" app चुनना जो फाइल ही नहीं करता। GSTR-1 की Excel बना देना filing नहीं है। Plan page ध्यान से पढ़ें।

दूसरी, transaction limit को अनदेखा करना। महीने में दस invoice बनाने वाले consultant को साल के दो-ढाई सौ की limit का पता भी नहीं चलेगा। हर ग्राहक का bill बनाने वाला medical store कुछ ही हफ्तों में उसे पार कर देगा। फैसला करने से पहले पिछले साल के invoice, bill और receipt गिन लें।

तीसरी, ऐसा credit लेना जो GSTR-2B में नहीं है। कानून ITC सिर्फ उन्हीं invoice पर लेने देता है जो वहां दिखते हैं। पहले reconcile, फिर claim।

चौथी, sales की गलतियां GSTR-3B के लिए छोड़ देना। वहां अब इन्हें ठीक नहीं कर सकते। GSTR-1A या अगला GSTR-1 इस्तेमाल करें।

और आखिरी, पुराने return पड़े रहने देना। Portal अब due date से तीन साल से ज़्यादा पुराने return रोक देता है। FY 2023-24 की वो कमी जिसे आप कब से ठीक करने की सोच रहे हैं, हमेशा खुली नहीं रहेगी।

तो चुनें कैसे?

खुद से चार सवाल पूछें। आपके कितने GSTIN हैं? क्या e-invoice या e-way bill चाहिए? साल में कितने transaction record करते हैं? और login और किसे चाहिए, partner, accountant, आपके CA?

अगर जवाब हैं एक GSTIN, e-invoicing नहीं, ठीक-ठाक transaction और दो लोग, तो direct filing वाला फ्री प्लान शायद आपके लिए काफी है। जब बिज़नेस बढ़े, तो upgrade करें। समझदार tool आपको data कहीं shift किए बिना upgrade करने देता है। अगर कई राज्यों में काम है, reverse-charge वाली खरीद है या पुरानी गलतियां सुलझानी हैं, तो अपने पहले कुछ return किसी CA से एक बार ज़रूर दिखवा लें। ये पैसा सही जगह लगेगा।

HelloBooks कैसे मदद करता है

HelloBooks Free ₹0 है, credit card नहीं चाहिए और ये expire नहीं होता। आपको एक GSTIN के लिए GSTR-1 और GSTR-3B की unlimited filing मिलती है, जो HelloBooks के अंदर से सीधे GST portal पर फाइल होती है। न export, न upload।

Free में GSTR-2B reconciliation और ITC tracking, GST invoice, bill और quote, P&L, Balance Sheet, Cash Flow और AR/AP aging भी है। आपको 2 users और साल में 200 transaction तक मिलते हैं, बैंक स्टेटमेंट इम्पोर्ट, books और invoicing के लिए पूरा iOS और Android app, email support, और AI categorisation शुरू करने के लिए फ्री AI credits। GST filing में कभी AI credits खर्च नहीं होते। GSTR-3B पर interest और late fee फाइल करने से पहले GST portal के अपने आंकड़े के रूप में दिखते हैं, और आप अपने CA को उन्हीं books में invite कर सकते हैं।

Free में क्या नहीं है: GSTR-9 और 9C, GSTR-7, GSTR-8, ITC-04, e-invoice और e-way bill बनाना, साल में 200 से ज़्यादा transaction, दूसरा GSTIN, या तीसरा user। Invoice पर एक छोटा "Powered by HelloBooks" badge आता है।

Pro ₹499/महीना है और इसमें GSTR-9 ready to file बनकर मिलता है, e-invoicing और e-way bill, unlimited users, एक legal entity के सारे GSTIN, Tally sync और Excel export जुड़ जाते हैं। पूरी जानकारी pricing page पर है। Step-by-step screens के लिए GSTR-1 filing और GSTR-3B filing देखें।

FAQs

क्या भारत में कोई GST फाइलिंग सॉफ्टवेयर सच में फ्री है?

हां। कुछ accounting tools हमेशा वाले ₹0 प्लान पर GSTR-1 और GSTR-3B filing देते हैं, volume, users या GSTIN पर limit के साथ। बस पक्का कर लें कि वो portal पर फाइल करता है, सिर्फ फाइल एक्सपोर्ट नहीं करता, और trial को फ्री का नाम नहीं दिया गया है।

क्या मैं बिना CA के अपना GST return खुद फाइल कर सकता हूं?

बिल्कुल। बहुत से छोटे बिज़नेस अपने monthly return खुद फाइल करते हैं और annual return, notice या कुछ अलग होने पर CA को बुलाते हैं। Portal हर taxpayer के लिए खुला है।

क्या फ्री सॉफ्टवेयर GSTR-9 फाइल करता है?

आमतौर पर नहीं। Annual return अक्सर paid प्लान में होते हैं। HelloBooks पर GSTR-9, Pro में ready to file बनकर मिलता है। ये भी देख लें कि आपके turnover के हिसाब से उस साल GSTR-9 optional है या नहीं।

क्या software से फाइल किया return उतना ही valid है जितना portal पर फाइल किया?

हां। जब software सीधे फाइल करता है, तो return GST portal पर ही पहुंचता है और आपको वही ARN मिलता है। Portal पर Track Return में इसे देख सकते हैं।

फ्री प्लान छोटा पड़ जाए तो क्या होगा?

HelloBooks पर आपकी books वहीं रहती हैं, और जब ज़्यादा transaction, users, GSTIN या e-invoicing चाहिए तो आप Pro पर चले जाते हैं। Filing history भी अपनी जगह रहती है।

क्या फ्री प्लान input tax credit में मदद करता है?

कुछ करते हैं। HelloBooks Free में GSTR-2B reconciliation शामिल है, जो इसलिए अहम है क्योंकि ITC सिर्फ उन्हीं invoice पर ले सकते हैं जो GSTR-2B में दिखते हैं।

जल्दी फाइल करें, ARN संभालकर रखें, फिर 20 तारीख डराने वाली नहीं लगेगी।

फ्री में शुरू करें — GST filing शामिल, कोई card नहीं। Try HelloBooks Free

About the author

HelloBooks Editorial Team

HelloBooks Editorial Team

Published March 22, 2026 on the HelloBooks blog

The HelloBooks editorial team is made up of accountants, ex-CPA-firm partners, and AI engineers who build the same AI bookkeeping product the articles describe. We write what we ship.

Posts are reviewed for accuracy against current US, UK, India, Australia, and UAE accounting and tax rules before publishing, and updated when those rules change.

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